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अगर आप भी गूगल मैप का करते है इस्तेमाल तो हो जाइए सावधान ! मैप से रास्ता ढूंढते हुए पांच दोस्त हुए गुमराह

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If you also use Google Maps then be careful! Five friends got misled while searching for directions from the map

अगर आप भी गूगल मैप का इस्तेमाल करते है तो आपको सावधान रहने की जरूरत है। ओडिशा के ढेंकनाल से एक बहुत हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है। जहां गूगल मैप्स से रास्ता ढूंढ रहें पांच दोस्तों का ग्रुप गुमराह हो गया। जिसके बाद वह लोग सप्तसज्य वन में करीब 11 घंटे तक भूखे-प्यासे भटकते रहे।


सभी दोस्त 11 घंटे तक मुसीबत में फंसे रहें। काफी घंटों तक भटकने के बाद उनका किसी तरह संपर्क पुलिस से हुआ और उन्होंने राहत की सांस ली। ‘गूगल मैप्स से पता चला कि खूबसूरत जगह है, लेकिन वहां…’ ग्रुप के एक लड़के ने बताया, “हम घूमने के लिए गए थे और पैदल चलकर मंदिर को पार करते हुए पहाड़ी की चोटी पर पहुंचे। जहां हमें गूगल से पता चला कि ऊपर एक खूबसूरत जगह है, जहां दूसरे लोग आते हैं।

लड़के ने बताया कि वो खूबसूरत जगह देखने के लिए हम वहां चले गए, लेकिन वहां सबवे के अलावा कुछ भी अच्छा नहीं था। जब हम वापस लौटने लगे तो हमें बाहर आने के लिए कोई रास्ता नहीं मिला। उन्होंने आगे बताया कि वहां “भुआसुनी खाला” नाम की जगह थी, यह जगह लोगों के लिए प्रतिबंधित है, लेकिन हम गलती से वहां तक पहुंच गए और उसके बाद हमें वहां से आगे जाने के लिए सड़क नहीं मिली।


बता दें कि पांच दोस्त एक साथ मशहूर सप्तसज्य मंदिर के दर्शन के लिए बाइक पर निकले थे।
पांचों दोस्त सुबह 11 बजे के आसपास मंदिर पुहंंचे। जहां उन्होंने पहाड़ी के ऊपर स्थित मंदिर और विष्णु बाबा के मठ के दर्शन किए। जिसके वह रास्ता भटक गए।

दोपहर 2 बजे तक वे भटकते हुए घने जंगल में पहुंच गए। जहां से उन्हें बाहर निकलने के लिए उन्हें कोई रास्ता नहीं मिला। वह गाइडेंस के लिए गूगल मैप्स की मदद भी ले रहे थे, जिससे वह और भी फंसते जा रहे थे। घंटों संघर्ष करने बाद बची जान काफी देर तक गूगल मैप्स को फॉलो करने के बाद उन्हें इस बात का एहसास हुआ कि गूगल मैप्स की मदद लेने से उनकी परेशानी हो रही है।

क्योंकि गूगल मैप्स उन्हें अनजान इलाके की तरफ ले जा रही था। थके और भूखे भटकते हुए वह शाम 5:30 बजे तक वह भुआशुनी खोला पहुंच गए। जहां उन्होंने बाहर निकलने का रास्ता खोजने के लिए घंटों संघर्ष किया। इसी बीच उनमें से एक व्यक्ति पुलिस के साथ संपर्क करने में कामयाब रहा और उन्होंने पुलिस को सारी कहानी बताई और सहायता मांगी।

सूचना मिलने के बाद ढेंकनाल पुलिस ने वन विभाग के साथ मिलकर बचाव अभियान शुरू किया और फिर पांचों को बचाने के लिए दो टीमें भेजी गईं। जिसके बाद पांचों को बचाया गया।