लॉक डाउन (Lock Down): मजदूरों में बढ़ रहा असंतोष, यहां सड़कों पर उतरे 1 हजार से अधिक प्रवासी मजदूर (Migrant labor)

नई दिल्ली, 02 मई 2020लॉक डाउन (Lock Down) में हो रही आर्थिक दिक्कतों के चलते देश के अलग—अलग कोनों में फंसे प्रवासी मजदूरों (Migrant labor)…

नई दिल्ली, 02 मई 2020
लॉक डाउन (Lock Down) में हो रही आर्थिक दिक्कतों के चलते देश के अलग—अलग कोनों में फंसे प्रवासी मजदूरों (Migrant labor) में असंतोष बढ़ते जा रहा है. महाराष्ट्र के चंद्रपुर में करीब 1 हजार से अधिक प्रवासी मजदूर (Migrant labor) आज सड़कों पर उतर आएं. मजदूरों के यह कदम उठाने के बाद सरकार व प्रशासन में हड़कंप मच गया. मौके पर पहुंची पुलिस ने किसी तरह मजदूरों को समझाकर उन्हें वापस लौटाया.

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घटना बल्लारपुर जिले में शनिवार यानि आज सुबह की है. जहां अचानक सड़कों पर हजारों प्रवासी मजदूर (Migrant labor) उतर आएं. इनमें से अधिकांश भारत के उत्तरी राज्यों के रहने वाले है जो दिहाड़ी मजदूरी करते है.

मजदूरों ने कहा कि लॉक डाउन (Lock Down) के बीच उन्हें आर्थिक व अन्य कई दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है. इस दौरान उन्होंने राजमार्ग को अवरूद्ध करने की कोशिश की और रेलवे स्टेशन की तरफ जाने लगे.

इसकी सूचना मिलने पर, रामनगर पुलिस थाने के कर्मी मौके पर पहुंचे और स्थिति को नियंत्रण में लाया गया. पुलिस के एक अधिकारी के मुताबिक करीब 1 हजार से अधिक प्रवासी श्रमिक (Migrant labor), जिनमें से अधिकतर सरकारी मेडिकल कॉलेज के एक निर्माण स्थल में रह रहे थे, सड़कों पर उतर आए और मांग की कि उनके गृह राज्यों में उनकी वापसी के लिए प्रबंध किए जाएं.

ज्ञात हो कि देशव्यापी लॉक डाउन (Lock Down) के चलते लाखों छात्र, पर्यटक, श्रद्धालु व प्रवासी मजूदर (Migrant labor) समेत अन्य नौकरी पेशा लोग अपने घरों से दूर विभिन्न राज्यों में फंसे हुए है. उद्योग धंधे बंद होने के कारण प्रवासी मजदूरों (Migrant labor) को सबसे अधिक कठिनाईयों का सामना करना पड़ रहा है.

केंद्र सरकार ने बीते दिवस लॉक डाउन (Lock Down) के तीसरे चरण के ऐलान कर दिया है ऐसे में प्रवासी मजदूरों (Migrant labor) का असंतोष और बढ़ गया है. वह लगातार गृह राज्यों में भेजे जाने की मांग कर रहे है.