उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में राजनीति के नाम पर ठगी का एक बड़ा मामला प्रकाश में आया है। अमृतसर (पंजाब) के एक ठग ने खुद को राहुल गांधी का निजी सचिव ‘कनिष्क सिंह’ बताकर देहरादून की महिला नेत्री भावना पांडे से 25 लाख रुपये ठग लिए। आरोपी ने न केवल टिकट दिलाने का झांसा दिया, बल्कि फोन पर वरिष्ठ नेताओं की फर्जी आवाजें सुनाकर पीड़िता का विश्वास भी जीत लिया।
ऐसे बुना ठगी का जाल
फर्जी पहचान से ठग लिए 25 लाख
आरोपी गौरव कुमार (42 वर्ष) ट्रूकॉलर पर अपनी पहचान ‘कनिष्क सिंह’ के नाम से दिखाकर लोगों को फंसाता था।
नेताओं की ‘आवाज’ का लेता था सहारा: आरोपी इतना शातिर था कि वह फोन पर गणेश गोदियाल, हरक सिंह रावत और प्रीतम सिंह जैसे बड़े नेताओं की आवाज निकालकर बात करता था।उसने भावना पांडे को विधानसभा चुनाव में टिकट और संगठन में महत्वपूर्ण पद दिलाने का भरोसा दिया। ठग ने गणेश गोदियाल को अध्यक्ष पद से हटवाने और प्रीतम या यशपाल आर्य को कमान सौंपने जैसे बड़े दावे भी किए।
25 लाख की लूट और गिरफ्तारी
पीड़िता भावना पांडे के अनुसार, आरोपी ने 13 अप्रैल 2026 को अपने एक साथी को उनके जाखन स्थित आवास पर भेजा, जहां उसे 25 लाख रुपये नकद दिए गए। पैसे लेने के बाद आरोपी ने फोन उठाना बंद कर दिया। एसएसपी डोभाल के निर्देश पर गठित पुलिस टीम ने मोबाइल सर्विलांस और सीसीटीवी की मदद से आरोपी गौरव कुमार को जाखन क्षेत्र से गिरफ्तार कर लिया।
कई राज्यों में फैला था नेटवर्क
पूछताछ में सामने आया है कि यह गिरोह देश के कई अन्य राज्यों में भी सक्रिय था:
राजस्थान: 2017 में जयपुर में दो नेताओं से टिकट के नाम पर 1 करोड़ 90 लाख और 12 लाख रुपये की ठगी की।
बिहार: 2025 में पटना में एक नेता से 3 लाख रुपये ऐंठे
गैंग के सदस्य: इस ठगी में गौरव के साथ छज्जू, रजत मदान और मनिंदर सिंह कालू भी शामिल थे, जिनकी तलाश जारी है।
नेताओं के नामों का दुरुपयोग
जांच में पता चला है कि आरोपी ने पीड़िता का भरोसा जीतने के लिए सोनिया आनंद, हरदा, प्रीतम सिंह और यशपाल आर्य जैसे कई वरिष्ठ नेताओं के नाम का इस्तेमाल किया और उनसे संपर्क करने की कोशिश भी की थी। पुलिस आरोपी के पास से दो मोबाइल फोन और एक डोंगल बरामद कर चुकी है।
कार्रवाई करने वाली पुलिस टीम में जाखन चौकी प्रभारी सूरज कंडारी, एसओजी उपनिरीक्षक संदीप कुमार और उनकी टीम की शामिल रही।



