News-web

उत्तरकाशी में ट्रैकिंग पर गए 22 ट्रैकर्स फंसे, 9 की हो गई मौत, रेस्क्यू अभी भी है जारी

Published on:

देहरादून उत्तरकाशी से एक बड़ी खबर सामने आ रहे हैं यहां 22 सदस्यीय ट्रैकर्स की टीम फंस गई थी। इन्हें सुरक्षित निकालने के लिए रेसक्यू ऑपरेशन भी शुरू किया गया लेकिन फिर भी ठंड से नौ लोगों की इसमें मौत हो गई तो वहीं अब तक कई लोग लापता भी हैं।पुलिस एसडीआरएफ समेत तमाम प्रशासनिक इस रेस्क्यू में जुटे हुए हैं।उन्हें बचाने के लिए पास के हेलीपैड को भी एक्टिव किया गया है।

उत्तरकाशी के सहस्त्र ताल ट्रैक पर 22 सदस्यीय ट्रैकिंग दल फंस गया था। ट्रैकर्स को बचाने का रिस्क शुरू किया गया एसडीआरएफ की टीम 6 ट्रैकों को हेलीकॉप्टर से सा कुशल रेस्क्यू कर नटीन गांव ले कर आ गई।जानकारी के अनुसार चार ट्रैकर की रास्ता भटकने के कारण ठंड से मौत हो गई। इसके बाद अब मौत का आंकड़ा 9 पर पहुंच गया है।

बताया जा रहा है कि ट्रैकर्स में से अब तक नौ लोगों की दर्दनाक मौत हो चुकी है। जिसकी वजह से अब हर जगह हड़कंप मचा हुआ है। प्रशासनिक टीम में कड़ी मशक्कत से रेस्क्यू में लगी हुई है लेकिन अभी तक ट्रैकर्स का कोई पता नहीं चल पाया है। रेस्क्यू के लिए आइटीबीपी मातली से 14 रेस्क्यूअर्स और एक डॉक्टर की टीम भटवाड़ी से मौके के लिए पहुंची है। रेस्क्यू अभियान को लेकर जिले का आपदा कंट्रोल रूम लगातार सक्रिय है। सहस्त्रताल ट्रेक रुट पर फंसे ट्रैकर्स को निकालने के लिए वायु सेवा के द्वारा भी सर्च एवं रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू कर दिया गया है।

बताया जा रहा है कि चार महिला ट्रैकरों को नटीन से सहस्त्रधारा हेलीपैड भेजा गया है। दो महिला ट्रैकरों के शव को भी गांव पहुंचाया गया है। सहस्रताल रेस्क्यू अभियान युद्ध स्तर पर अभी भी जारी है। हर्ष हेलीपैड में भी एक एमआई 17 हेलीकॉप्टर को बैकअप में तैयार किया गया है। अभी तक 10 ट्रैकर्स को घटनास्थल से एयरलिफ्ट कर सुरक्षित निकाला जा चुका है जबकि 9 लोगों के मरने की भी खबर सामने आ रही है।