अल्मोड़ा। जनपद में डॉक्टरों के बड़े पैमाने पर हुए तबादलों और उसके बाद विपक्षी दलों द्वारा उठाए गए सवालों के बीच स्वास्थ्य विभाग की ओर से प्रभारी सीएमओ डॉ योगेश पुरोहित का बयान आया है।
सूचना विभाग की ओर से जारी आधिकारिक विज्ञप्ति के अनुसार, स्वास्थ्य विभाग ने साफ किया है कि इस फेरबदल से जिले की चिकित्सा व्यवस्था पर कोई विपरीत असर नहीं पड़ेगा। अल्मोड़ा के प्रभारी मुख्य चिकित्साधिकारी (CMO) डॉ. योगेश पुरोहित ने बताया कि स्थानांतरण प्रक्रिया के बाद जनपद में विशेषज्ञ और सामान्य (एमबीबीएस) चिकित्सकों की पर्याप्त तैनाती सुनिश्चित की गई है और नई टीम के आने से स्वास्थ्य सेवाएं पहले से और अधिक मजबूत होंगी।
प्रभारी सीएमओ ने कहा कि शासन के इस फैसले से सभी स्वास्थ्य संस्थानों में चिकित्सा व्यवस्था पूर्व की भांति सुचारू रूप से संचालित होती रहेगी। विभाग पूरी प्रतिबद्धता के साथ आम जनता को बेहतर इलाज मुहैया कराने के लिए काम कर रहा है।
49 नए डॉक्टरों की तैनाती, मिले कई विशेषज्ञ चिकित्सक
अल्मोड़ा जनपद के लिए जारी नई तैनाती सूची के तहत स्वास्थ्य विभाग ने कुल 49 डॉक्टरों को जिले के विभिन्न अस्पतालों में भेजा है। इनमें विशेषज्ञ डॉक्टरों की एक बड़ी टीम शामिल है, जिससे जिला अस्पताल सहित अन्य केंद्रों में इलाज की गुणवत्ता सुधरेगी। तैनात किए गए विशेषज्ञों का विवरण इस प्रकार है:
- फिजिशियन: 02 विशेषज्ञ
- शिशु रोग विशेषज्ञ (बाल रोग): 03 विशेषज्ञ
- ऑर्थोपेडिक सर्जन (हड्डी रोग): 02 विशेषज्ञ
- ईएनटी विशेषज्ञ (नाक, कान, गला): 02 विशेषज्ञ
- पैथोलॉजिस्ट: 02 विशेषज्ञ
- एनेस्थेटिस्ट (बहोशी विशेषज्ञ): 01 विशेषज्ञ
- नेत्र रोग विशेषज्ञ: 01 विशेषज्ञ
- स्त्री एवं प्रसूति रोग विशेषज्ञ (गाइनोलॉजिस्ट): 01 विशेषज्ञ
विभाग के अनुसार, इन विशेषज्ञ डॉक्टरों के अलावा बाकी बचे सभी एमबीबीएस (सामान्य) चिकित्सकों को जिले के विभिन्न सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों (CHC), प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों (PHC) और सुदूर ग्रामीण व दूरस्थ स्वास्थ्य संस्थानों में तैनात किया गया है ताकि ग्रामीण क्षेत्रों में मरीजों को भटकना न पड़े।
दूरस्थ क्षेत्रों तक पहुंचेगा बेहतर इलाज – डॉ. योगेश पुरोहित
प्रभारी मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. योगेश पुरोहित ने कहा कि जिले में विशेषज्ञ डॉक्टरों की संख्या बढ़ने से इलाज की गुणवत्ता में बड़ा सुधार देखने को मिलेगा। विभाग की नई टीम के सहयोग से न केवल जिला मुख्यालय बल्कि सुदूरवर्ती और सीमांत क्षेत्रों तक आधुनिक चिकित्सा सुविधाओं की पहुंच बढ़ाई जाएगी। हमारा मुख्य उद्देश्य मरीजों को समय पर, बिना किसी परेशानी के बेहतर उपचार उपलब्ध कराना है और इसके लिए स्वास्थ्य विभाग निरंतर प्रयास कर रहा है।

