38वें नेशनल गेम्स की मेजबानी करने और इनमें 103 पदक प्राप्त कर कीर्तिमान बनाने वाले उत्तराखंड में धामी सरकार जल्द स्पोर्ट्स लीगेसी प्लान लागू करने जा रही है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा है कि इसके अंतर्गत राज्य के आठ शहरों में 23 खेल अकादमी स्थापित की जाएगी।
इसके साथ ही खेल को भी बढ़ावा दिया जाएगा। सरकार हल्द्वानी में राज्य का पहला खेल विश्वविद्यालय और लोहाघाट में महिला स्पोर्ट्स कॉलेज स्थापित करने की तैयारी कर रहा है। परेड ग्राउंड में राष्ट्रीय सब जूनियर बास्केटबॉल चैंपियनशिप प्रतियोगिता के उद्घाटन समारोह में मुख्यमंत्री धामी ने यह बातें कहीं।
मुख्यमंत्री का कहना है कि राज्य सरकार मुख्यमंत्री खेल विकास निधि मुख्यमंत्री खिलाड़ी प्रोत्साहन योजना मुख्यमंत्री उदीयमान खिलाड़ी योजना तथा खेल किट योजना जैसे कार्यक्रमों के माध्यम से राज्य के उभरते युवा खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने का काम कर रही है।
इसके साथी उत्तराखंड खेल रत्न पुरस्कार और हिमालय खेल रत्न पुरस्कार प्रदान करके खिलाड़ियों की योग्यता को सम्मानित किया जा रहा है। इसके अलावा राज्य की राजकीय सेवाओं में खिलाड़ियों के लिए चार प्रतिशत खेल कोटे को पुन लागू किया जाएगा यही नहीं, राष्ट्रीय खेल दिवस के अवसर पर राज्य के उत्कृष्ट खिलाड़ियों को 50-50 लाख रुपए की सम्मान राशि से भी पुरस्कृत किया गया।
पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि प्रदेश में खेलों के पूरे विकास और खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने के लिए सरकार नई नीति लागू करेगी। इसके अंतर्गत राष्ट्रीय अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पदक विजेता खिलाड़ियों को आउट ऑफ टर्न सरकारी नौकरी प्रदान की जाएगा।
राज्य में 517 करोड़ रुपये की लागत से विश्वस्तरीय स्पोर्ट्स इंफ्रास्ट्रक्चर विकसित करने का प्रयास किया है। खिलाड़ियों का दैनिक भोजन भत्ता 250 रुपए से बढ़ा भारतीय खेल प्राधिकरण की तरह 480 रुपए प्रतिदिन प्रति खिलाड़ी किया गया है ।
राष्ट्रीय प्रतियोगिता में प्रतिभाग करने वाले उत्तराखंड के खिलाड़ियों को साधारण बस एवं स्लीपर रेल किराया से बढ़ाते हुए एसी बस अथवा थ्री-टीयर एसी ट्रेन यात्रा की सुविधा प्रदान की जा रही है।
मुख्यमंत्री उदीयमान खिलाड़ी उन्नयन योजना के अंतर्गत आठ से 14 वर्ष के करीब 3900 उभरते खिलाड़ियों को 1500 रूपये प्रतिमाह की खेल छात्रवृत्ति दी जा रही है।
