अल्मोड़ा: द्वाराहाट के छतगुल्ला निवासी पैरा एथलीट गरिमा जोशी ने तमाम झंझावतों के बावजूद अपने जुनून व प्रतिभा का जलवा दिखाया है l
इस पैरा एथलीट ने New Delhi 2026 World Para Athletics Grand Prix(नई दिल्ली में हुए वर्ल्ड पैरा एथलीट ग्रांड प्रिक्स 2026) में शानदार प्रदर्शन करते हुए तीन पदक जीतकर देश और उत्तराखंड का गौरव बढ़ाया है।
जवाहर लाल नेहरू स्टेडियम में आयोजित इस अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता में भारत सहित आठ देशों—रूस, नेपाल, भूटान, हांगकांग, सर्बिया, बोस्निया और हर्ज़ेगोविना तथा मिस्र—के खिलाड़ियों ने भाग लिया।
महिला एफ-55 वर्ग में प्रतिस्पर्धा करते हुए गरिमा जोशी ने डिस्कस थ्रो में 19.24 मीटर के व्यक्तिगत सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन के साथ स्वर्ण पदक हासिल किया, जबकि जैवलिन थ्रो में 16.80 मीटर और शॉट पुट में 5.40 मीटर के व्यक्तिगत सर्वश्रेष्ठ प्रयासों के साथ दो रजत पदक जीते।
उल्लेखनीय है कि एफ-55 वर्ग पैरा एथलेटिक्स की वह श्रेणी है जिसमें सामान्यतः स्पाइनल कॉर्ड इंजरी अथवा निचले अंगों की अक्षमता वाले खिलाड़ी भाग लेते हैं और वे विशेष सीटेड थ्रोइंग बेंच पर बैठकर थ्रो करते हैं, जिसकी अधिकतम अनुमत ऊँचाई लगभग 75 सेंटीमीटर होती है, जिससे सभी खिलाड़ियों के लिए समान और निष्पक्ष प्रतिस्पर्धा सुनिश्चित हो सके।
गरिमा सामाजिक कार्यकर्ता पूरन जोशी की पुत्री है और एक सड़क दुर्घटना ने उसे गंभीर चोट पहुंचाई बावजूद अपनी हिम्मत और दृढ़ संकल्प से उन्होंने पैरा एथलीट के रूप में खुद को तैयार किया।
