कोरे फर्श पर गत्ते बिछा कर रात काट रहे हैं मेडिकल कॉलेज अल्मोड़ा में मरीजों के तीमारदार, रेडक्रास प्रदेश उपाध्यक्ष व पार्षदों ने जड़े आरोप

पार्षदों व रेडक्रॉस प्रदेश उपाध्यक्ष ने जताई नाराजगी, गद्दे खरीदकर कर दिए अल्मोड़ा: मेडिकल कॉलेज स्थित बेस चिकित्सालय में मरीजों के तीमारदारों को मूलभूत सुविधाएं…

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पार्षदों व रेडक्रॉस प्रदेश उपाध्यक्ष ने जताई नाराजगी, गद्दे खरीदकर कर दिए

अल्मोड़ा: मेडिकल कॉलेज स्थित बेस चिकित्सालय में मरीजों के तीमारदारों को मूलभूत सुविधाएं तक उपलब्ध नहीं हो पा रही हैं। अस्पताल में भर्ती मरीजों के साथ आए तीमारदारों को रात भर जमीन पर सोने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है।

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उक्त आरोप नगर निगम के पार्षदों व रेडक्रास सोसायटी के प्रदेश उपाध्यक्ष ने लगाए हैं।
विगत रात्रि नगर क्षेत्र के पार्षदों अमित साह मोनू, पार्षद अर्जुन बिष्ट, पार्षद अभिषेक जोशी एवं रेडक्रॉस सोसाइटी के प्रदेश उपाध्यक्ष मनोज सनवाल ने अस्पताल का निरीक्षण किया।


उन्होंने कहा कि इस दौरान उन्होंने देखा कि कई मरीजों के तीमारदार वार्डों के बाहर और गलियारों में जमीन पर सोने को मजबूर हैं।अस्पताल में उनके बैठने या सोने के लिए किसी प्रकार की समुचित व्यवस्था नहीं थी।


इस स्थिति को बेहद गंभीर बताते हुए पार्षदों और रेडक्रॉस के प्रदेश उपाध्यक्ष ने अस्पताल प्रशासन पर नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि दूर-दराज के ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाले लोग अपने मरीजों के साथ अस्पताल में कई दिनों तक रहते हैं,लेकिन उनके लिए बुनियादी सुविधाएं तक उपलब्ध नहीं कराई जा रही हैं।

उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री और प्रदेश सरकार लगातार अस्पतालों में व्यवस्थाएं दुरुस्त करने का प्रयास कर रहे है लेकिन मेडिकल कॉलेज प्रशासन की लापरवाही से मरीजों के परिजनों को दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
उन्होंने कहा कि अस्पताल में तीमारदारों के लिए कम से कम बैठने और सोने की व्यवस्था होना बेहद जरूरी है।


जब तक प्रशासन की ओर से कोई ठोस व्यवस्था नहीं की जाती, तब तक इसी तरह आगे आकर मदद करनी पड़ेगी।


इसी को देखते हुए पार्षदों एवं रेडक्रॉस के प्रदेश उपाध्यक्ष ने पहल करते हुए अपने स्तर पर मरीजों के तीमारदारों के लिए एक दर्जन गद्दे खरीदकर अस्पताल में उपलब्ध कराए।

गद्दे मिलने के बाद तीमारदारों ने राहत की सांस ली और जनप्रतिनिधियों का आभार व्यक्त किया।इस मौके पर मौजूद जनप्रतिनिधियों ने अस्पताल प्रशासन से मांग की कि तीमारदारों के लिए स्थायी रूप से उचित व्यवस्था की जाए, ताकि भविष्य में किसी को भी इस प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।


उन्होंने कहा कि यदि जल्द ही व्यवस्था में सुधार नहीं किया गया तो इस मुद्दे को और मजबूती से उठाया जाएगा।


स्थानीय लोगों का भी कहना है कि मेडिकल कॉलेज जैसे बड़े संस्थान में इस तरह की स्थिति चिंताजनक है। मरीजों के साथ आने वाले परिजनों को कम से कम बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराना प्रशासन की जिम्मेदारी है।इस पूरी घटना के बाद अस्पताल में व्यवस्थाओं को लेकर एक बार फिर सवाल खड़े हो गए हैं और लोग उम्मीद कर रहे हैं कि प्रशासन जल्द ही इस दिशा में ठोस कदम उठाएगा।
इस अवसर पर रेडक्रॉस के प्रांतीय उपाध्यक्ष मनोज सनवाल,पार्षद अमित साह मोनू,पार्षद अर्जुन सिंह बिष्ट चीमा, पार्षद अभिषेक जोशी,कृष्ण बहादुर सिंह, सरपंच अशोक सिंह,भारतीय जनता पार्टी अनुसूचित मोर्चा जिला अध्यक्ष त्रिलोक राम,नगर अध्यक्ष भाजपा अनुसूचित मोर्चा सुधीर कुमार,ललित खोलिया,अभय बोरा आदि उपस्थित रहे।

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