नौकरी का झांसा देकर दो आरोपियों ने उत्तराखंड निवासी एक महिला को कार में पहले जबरन शराब पिलाई और फिर उसके बाद उसे जान से मारने की धमकी देते हुए उसके बाद दुष्कर्म किया। आरोपी पीड़िता को माल गोदाम के पास फेंक फिर वह फरार हो गए।
पुलिस द्वारा मुकदमा दर्ज न करने पर पीड़िता ने न्यायालय की शरण ली। न्यायालय के आदेश पर अब कोतवाली पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
उत्तराखंड के देहरादून मसूरी निवासी एक पीड़िता ने यहां की एक अदालत में प्रार्थना पत्र दिया। जिसमें बताया गया कि वह अपने तीन बच्चों के साथ रहती है। फरवरी माह में वह कुम्भ मेला नहाने गई थी ।
जहां उसकी मुलाकात आनंद दुबे नाम के एक व्यक्ति से हुई थी जिसने उसे बताया वाराणसी में उसका होटल मरीन लालपुर में है और हापुड़ में उसके दो होटल है। पीड़िता को काम की तलाश थी क्योंकि वह अपने पति से करीब 2 वर्ष से अलग रह रही थी। उसके बच्चे उसकी मां के पास रहते हैं।
आरोपी आनंद दुबे ने पीड़िता से उसका आधार कार्ड लिया और कहा की वह उसे ₹15000 महीने पर नौकरी देगा और रहना खाना फ्री देगा। वह जब चाहे वाराणसी हापुड़ में नौकरी कर सकती है पीड़िता ने कहा कि 11 में को विशेष गर्ग नाम का एक व्यक्ति उसके घर उत्तराखंड पहुंचा।
उसने बताया कि उसे आनंद दुबे ने भेजा और फिर बताया कि हापुड़ स्थित होटल में रिसेप्शन पर काम करने के लिए बुलाया है। आरोपी ने आनंद से फोन पर बात करा दी। इस पर वह विशेष के साथ 12 मई की सुबह हापुड़ आ गई। आरोपी ने पीड़ित को अपने किसी दोस्त के ऑफिस में बैठाकर चला गया।
दोपहर को दोनों आरोपी खाना खिलाने के लिए कार में बैठाकर ले गए। दोनों आरोपियों ने कार में रखी शराब की बोतल निकाल ली और जबरदस्ती उसे शराब पिला दी। पीड़िता नशे में गाड़ी में सो गई। इस पर दोनों आरोपियों ने छेड़खानी शुरू कर दी । विरोध करने पर जान से मारने की धमकी देते हुए दोनों ने दुष्कर्म किया। पीड़िता ने 112 नम्बर पर काल करने का प्रयास किया तो आरोपियों ने उसका फोन बंद कर दिया।
आरोपी पीड़िता को रेलवे स्टेशन माल गोदाम, पर गाड़ी से धक्का देकर फरार हो गए। पीड़िता ने पुलिस से शिकायती की, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। जिस पर वह न्यायालय के शरण में गई। पीड़िता के अधिवक्ता पीयूष सक्सेना एडवोकेट ने बताया कि न्यायालय ने कोतवाली प्रभारी निरीक्षक को मुकदमा दर्ज करने के निर्देश दिए हैं।
सीओ जितेंद्र शर्मा ने बताया कि न्यायालय के आदेश पर कोतवाली पुलिस मामले की जांच कर रही है। जांच में जो भी दोषी पाया गया उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
